टिहरीदेहरादून

उत्तराखंड में हेलीकॉप्टर हादसा, बाल बाल बचे तीर्थ यात्री

 

पायलट की सूझबूझ से खेत में कराई गई इमरजेंसी लैंडिंग, सभी सात लोग सुरक्षित

बिजली के तारों से टकराया हेलीकॉप्टर, सुरकंडा देवी मंदिर के पास खेतों में इमरजेंसी लैंडिंग

देहरादून की ओर जा रहा ट्रांस भारत एविएशन कंपनी का हेलीकॉप्टर टिहरी जिले के सकलाना क्षेत्र में बुधवार सुबह बड़े हादसे का शिकार होने से बाल-बाल बच गया। बदरीनाथ से यात्रियों को लेकर उड़ान भरने के दौरान हेलीकॉप्टर 11000 वोल्ट की हाईटेंशन बिजली लाइन की चपेट में आ गया, जिससे उसमें अफरा-तफरी मच गई।

जानकारी के अनुसार हेलीकॉप्टर को मूल रूप से गुप्तकाशी होकर देहरादून पहुंचना था, लेकिन बीच में मिले नए निर्देश के बाद रूट बदल दिया गया। चंबा-आराकोट क्षेत्र के ऊपर सुबह करीब साढ़े 9 बजे उड़ान के दौरान अचानक हेलीकॉप्टर के पिछले रोटर में हाईटेंशन लाइन का तार फंस गया। तार फंसते ही हेलीकॉप्टर हवा में हिचकोले खाने लगा और स्थिति बेहद भयावह हो गई।

इस संकट की घड़ी में महिला पायलट अनुपमा चौधरी ने अद्भुत साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए हेलीकॉप्टर को नियंत्रित रखा और सत्यो-सकलाना के खेतों में सुरक्षित इमरजेंसी लैंडिंग करा दी। हादसे में हेलीकॉप्टर का पिछला हिस्सा क्षतिग्रस्त हुआ, लेकिन पायलट सहित सभी छह यात्री पूरी तरह सुरक्षित हैं।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। सभी यात्रियों को सड़क मार्ग से सुरक्षित देहरादून भेज दिया गया है। धनोल्टी तहसीलदार मोहम्मद शादाब ने बताया कि पायलट की समझदारी और त्वरित निर्णय से एक बड़ा हादसा टल गया।

हेलीकॉप्टर में पायलट अनुपमा चौधरी के अलावा पुत्र राज सूरी, श्रीराज सूरी, भूमि सूरी, पार्थ सूरी, हिमांशी पटेल और निष्का सवार थे।

Uma Shankar Kukreti