देहरादून

“बच्चों की सुरक्षा पर धामी सरकार सख्त — प्रदेशभर में कफ सिरप पर चला बड़ा हंटर, 170 नमूने जांच के लिए भेजे”

बच्चों की सुरक्षा के लिए प्रदेशभर में कफ सिरप पर बड़ा अभियान

देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए प्रदेशभर में अवैध और असुरक्षित कफ सिरप के खिलाफ व्यापक कार्रवाई शुरू की है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफडीए) की टीमें सभी जिलों में औचक निरीक्षण कर रही हैं।

मुख्य कार्रवाई:

  • देहरादून: चकराता रोड, किशननगर, बल्लूपुर, कांवली रोड, बल्लीपुर और प्रेमनगर के 7 मेडिकल स्टोरों का लाइसेंस निरस्त, संदिग्ध सिरप जब्त, 11 नमूने जांच को भेजे।
  • उधम सिंह नगर: 40 कफ सिरप नमूने प्रयोगशाला भेजे गए।
  • हरिद्वार व रुड़की: 15 नमूने जांच हेतु भेजे गए।
  • हल्द्वानी: सरकारी अस्पताल से 3 नमूने लिए गए।
  • कोटद्वार: ‘Respifresh TR’ सिरप का स्टॉक सीज किया गया और 3 नए नमूने संकलित हुए।
  • अल्मोड़ा, रुद्रप्रयाग, उत्तरकाशी: कुल 12 नमूने जांच के लिए भेजे गए।

अब तक कुल 170 कफ सिरप नमूने प्रयोगशाला जांच के लिए भेजे जा चुके हैं। विभाग ने संबंधित प्रतिष्ठानों को कड़ी चेतावनी दी है और कई स्थानों पर संदिग्ध स्टॉक सील किया गया है।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का बयान:

“बच्चों के स्वास्थ्य से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। दवाओं की गुणवत्ता और सुरक्षा पर किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। हमारी सरकार बच्चों की जान से खिलवाड़ करने वाले किसी भी तत्व के खिलाफ सख्त कार्रवाई करेगी।”

स्वास्थ्य मंत्री डॉ. धन सिंह रावत का बयान:

“एफडीए की यह कार्रवाई संदेश देती है कि बच्चों की सेहत हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। अभिभावक बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी सिरप बच्चों को न दें।”

Uma Shankar Kukreti