रेप केस में फिल्म निर्देशक सनोज मिश्रा को बड़ी राहत, तीस हजारी कोर्ट ने किया डिस्चार्ज
नई दिल्ली। फिल्म निर्देशक सनोज कुमार मिश्रा को रेप समेत अन्य गंभीर धाराओं में दर्ज मामले में बड़ी कानूनी राहत मिली है। दिल्ली की तीस हजारी कोर्ट की ASJ श्रेया अरोड़ा मेहता ने FIR संख्या 174/2025, थाना नबी करीम में दर्ज मामले में सनोज कुमार मिश्रा को आरोपों से डिस्चार्ज कर दिया है।
कोर्ट के 16 अप्रैल 2026 के आदेश में कहा गया कि अभियोजन सामग्री इतनी मजबूत नहीं है कि आरोपी के खिलाफ आरोप तय किए जा सकें। आदेश में यह भी उल्लेख है कि अभियोजन का आधार बनने वाली शिकायतकर्ता की बातों में महत्वपूर्ण विरोधाभास सामने आए और कई आरोप या तो पुष्ट नहीं हुए अथवा अभियोजन की अपनी सामग्री से contradicted थे।
इससे पहले 30 मई 2025 को दिल्ली हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति गिरिश कठपालिया ने सनोज मिश्रा को इसी FIR में जमानत दी थी। हाईकोर्ट के समक्ष शिकायतकर्ता ने अपने बयान में कहा था कि सनोज मिश्रा ने उसके साथ दुष्कर्म या कोई अन्य अपराध नहीं किया और दोनों के बीच संबंध सहमति से थे। उसने यह भी कहा था कि शिकायत कुछ अन्य लोगों के उकसावे पर दर्ज कराई गई थी।
हाईकोर्ट के आदेश में यह भी दर्ज है कि पुलिस ने शिकायतकर्ता के खिलाफ कथित झूठी शिकायत के संबंध में कार्रवाई शुरू करने की बात कही थी।
अब तीस हजारी कोर्ट के आदेश में सनोज कुमार मिश्रा को FIR में लगाए गए आरोपों से डिस्चार्ज किए जाने के बाद मामले में उनके खिलाफ ट्रायल आगे बढ़ाने का आधार नहीं बचा। आदेश की प्रति में स्पष्ट रूप से कहा गया है कि आरोपी Sanoj Kumar Mishra S/o Ram Tirath Mishra को IPC की धाराओं 376/313/323/354C/506 के तहत आरोपों से डिस्चार्ज किया जाता है।

