जनपद में 6.04 लाख बच्चों को खिलाई जाएगी एल्बेंडाजोल की दवा
रूद्रपुर। आगामी राष्ट्रीय कृमि मुक्ति दिवस की तैयारियों को लेकर अपर जिलाधिकारी कौस्तुभ मिश्र ने जिला सभागार में बैठक आयोजित की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनपद के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त एवं निजी विद्यालयों, महाविद्यालयों, तकनीकी संस्थानों, मदरसों और आंगनबाड़ी केंद्रों में शत-प्रतिशत बच्चों को एल्बेंडाजोल की गोली खिलाई जाए, ताकि एक भी बच्चा दवा खाने से न छूटे।
अपर जिलाधिकारी ने कहा कि कॉलेजों, तकनीकी शिक्षण संस्थानों और पैरामेडिकल कॉलेजों में भी 19 वर्ष तक की आयु वर्ग के विद्यार्थियों को दवा दी जाए। स्कूल न जाने वाले बच्चों, श्रमिकों के बच्चों और घुमंतू बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से दवा खिलाने के निर्देश भी दिए गए। उन्होंने यह भी तय किया कि 8 अक्टूबर को निर्धारित कृमि मुक्ति दिवस पर जो बच्चे दवा खाने से छूट जाएं, उन्हें 15 अक्टूबर को मॉप-अप दिवस पर दवा दी जाए।स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिया गया कि सभी स्कूलों, कॉलेजों और आंगनबाड़ी केंद्रों पर समय से दवा उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। साथ ही शिक्षकों और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को पम्पलेट और वीडियो क्लिप के माध्यम से दवा खिलाने की प्रक्रिया की जानकारी देने के निर्देश दिए गए। जिला शिक्षा अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी और जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी को भी कार्यक्रम में अधिक से अधिक बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित कराने तथा स्वास्थ्य विभाग को पूर्ण सहयोग देने के आदेश दिए गए।मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. केके अग्रवाल ने बताया कि जनपद में 1 से 19 वर्ष तक के 6,04,459 बच्चों को एल्बेंडाजोल दवा देने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए 2,288 विद्यालयों और 2,388 आंगनबाड़ी केंद्रों में दवा खिलाई जाएगी। उन्होंने बताया कि 400 एमजी की दवा 1 से 2 वर्ष के बच्चों को आधी टेबलेट चम्मच में घोलकर, 3 वर्ष तक के बच्चों को पूरी टेबलेट पानी में घोलकर पिलाई जाएगी, जबकि 3 से 19 वर्ष के किशोर/किशोरियों को पूरी गोली चबाकर खिलाई जाएगी।डॉ. अग्रवाल ने कृमि संक्रमण के खतरों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आंत में रहने वाले कृमि बच्चों के शरीर के पोषक तत्व खा जाते हैं, जिससे कुपोषण, खून की कमी और कार्य क्षमता में गिरावट आती है। गंभीर संक्रमण के चलते बच्चे थके हुए और अक्सर बीमार रहने लगते हैं।बैठक में प्रमुख चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आर.के. सिन्हा, एसीएमओ डॉ. हरेन्द्र मलिक, जिला कार्यक्रम अधिकारी मुकुल अग्रवाल, जिला अल्पसंख्यक अधिकारी नंदनी तोमर, प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन पदाधिकारी एन.एस. धारीवाल, रामप्रकाश गुप्ता, सत्य प्रकाश चौहान, डीपीओ मो. आमिर खान, हिमांशु मशूनी, चॉद मियां, जावेद अहमद, निधि शर्मा, विजय सिंह समेत जनपद के एमओआईसी व विभिन्न विभागों के अधिकारी वर्चुअल माध्यम से जुड़े।
