एमडीडीए का अवैध प्लॉटिंग पर बड़ा एक्शन, 65 बीघा तक फैली प्लॉटिंग ध्वस्त; दो प्रतिष्ठान सील
डोईवाला में पांच स्थानों पर चला बुलडोजर, मैगी प्वाइंट और पुरुकुल रोड पर भी प्राधिकरण की कार्रवाई
देहरादून। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) ने अवैध प्लॉटिंग और नियमों के विपरीत किए जा रहे निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। सोमवार, 2 नवंबर को प्राधिकरण की टीम ने डोईवाला क्षेत्र में पांच अलग-अलग स्थानों पर करीब 60 से 65 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लॉटिंग को ध्वस्त कर दिया। इसके साथ ही मैगी प्वाइंट और पुरुकुल रोड पर स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्माण किए जाने पर दो व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को सील कर दिया गया।
डोईवाला में पांच स्थानों पर ध्वस्तीकरण
एमडीडीए की टीम ने घिसरपट्टी, बुल्लावाला मार्ग, कुड़कावाला और काम्बोज कॉलोनी सहित पांच स्थानों पर अभियान चलाया। जांच में बिना स्वीकृत ले-आउट और आवश्यक अनुमति के प्लॉटिंग विकसित किए जाने का मामला सामने आया।

घिसरपट्टी में राजू, बाबू, रोशन और मुकुल तोमर की ओर से करीब 15 से 20 बीघा भूमि पर की जा रही प्लॉटिंग को ध्वस्त किया गया। वहीं, बुल्लावाला मार्ग पर कुड़कावाला स्थित बीएसएफ हाउस के निकट इमरान एवं अन्य की करीब 10 बीघा भूमि पर विकसित की जा रही अवैध प्लॉटिंग पर भी कार्रवाई की गई।
इसके अलावा भगत सिंह कॉलोनी, गली नंबर-6, बुल्लावाला में बलदेव सिंह की करीब पांच बीघा भूमि तथा काम्बोज कॉलोनी में नत्थी सिंह, यशपाल, हेमंत पंचोली एवं अन्य की करीब 30 से 35 बीघा भूमि पर की जा रही अनधिकृत प्लॉटिंग को ध्वस्त किया गया।
मैगी प्वाइंट और पुरुकुल रोड पर दो प्रतिष्ठान सील
प्राधिकरण ने अवैध प्लॉटिंग के साथ-साथ व्यावसायिक निर्माणों पर भी कार्रवाई की। मैगी प्वाइंट में जगदीश चौहान के अवैध व्यावसायिक निर्माण को सील किया गया। वहीं, पुरुकुल रोड स्थित ईडन वेलनेस एंड हॉस्पिटेलिटी में संजीव बोहरा की ओर से स्वीकृत मानचित्र के विपरीत किए जा रहे निर्माण पर सीलिंग की कार्रवाई की गई।
अवैध प्लॉटिंग और निर्माण पर जारी रहेगा अभियान
एमडीडीए उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून और आसपास के क्षेत्रों में सुनियोजित विकास सुनिश्चित करना प्राधिकरण की प्राथमिकता है। अवैध प्लॉटिंग और स्वीकृत मानचित्र के विपरीत निर्माण के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने आमजन से अपील की कि जमीन या भूखंड खरीदने से पहले उसकी वैधानिक स्थिति, स्वीकृत ले-आउट और जरूरी अनुमतियों की जांच अवश्य करें।
एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि शिकायतों और स्थलीय निरीक्षण के आधार पर नियमानुसार कार्रवाई की जा रही है। बिना अनुमति प्लॉटिंग करने और स्वीकृत मानचित्र से अलग निर्माण करने वालों के खिलाफ ध्वस्तीकरण एवं सीलिंग की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

