गणतंत्र दिवस पर एमडीडीए कार्यालय में ध्वजारोहण, उत्कृष्ट कार्य करने वाले 6 कर्मचारी सम्मानित
मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए)
दिनांक : 26 जनवरी 2026
गणतंत्र दिवस के पावन अवसर पर मसूरी–देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) कार्यालय परिसर में देशभक्ति और उत्साह के साथ समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में एमडीडीए सचिव श्री मोहन सिंह बर्निया द्वारा विधिवत ध्वजारोहण किया गया। इसके पश्चात राष्ट्रगान का सामूहिक गायन हुआ, जिसमें प्राधिकरण के सभी अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

इस अवसर पर सचिव मोहन सिंह बर्निया ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संबोधित करते हुए कहा कि गणतंत्र दिवस भारतीय संविधान में निहित न्याय, समानता, स्वतंत्रता और बंधुत्व के मूल्यों को आत्मसात करने का संदेश देता है। उन्होंने कहा कि एमडीडीए का उद्देश्य केवल भौतिक विकास तक सीमित नहीं है, बल्कि योजनाबद्ध, संतुलित एवं जनहितकारी शहरी विकास सुनिश्चित करना भी है।
उन्होंने कहा कि बीते वर्ष के दौरान एमडीडीए द्वारा शहरी नियोजन, अवैध प्लॉटिंग एवं अवैध निर्माणों पर प्रभावी कार्रवाई, आधारभूत ढांचे के विकास तथा नागरिक सुविधाओं के विस्तार की दिशा में उल्लेखनीय कार्य किए गए हैं। आने वाले समय में पारदर्शिता, जवाबदेही एवं तकनीकी नवाचार के माध्यम से विकास कार्यों को और अधिक सुदृढ़ किया जाएगा।
सचिव ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, ईमानदारी और समयबद्धता के साथ करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि जनता का विश्वास बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है, जिसके लिए अनुशासन एवं संवेदनशील कार्यसंस्कृति आवश्यक है।
इस अवसर पर एमडीडीए में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 6 कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि कर्मठ और समर्पित कर्मचारियों का सम्मान संस्थान के लिए गर्व का विषय है तथा इससे अन्य कर्मियों को भी बेहतर कार्य करने की प्रेरणा मिलती है।
उत्कृष्ट कार्य के लिए सम्मानित कर्मचारी
अवर अभियंता – सुनील उप्रेती
मनवीर पंवार
उद्यान अधीक्षक – उस्मान अली
प्रभारी उद्यान अधिकारी – भानुप्रिया
मार्केटिंग – रितिक सिंह
आईटी एक्सपर्ट – नवजोत सजवाण
कार्यक्रम के अंत में सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने देश की एकता, अखंडता एवं संविधान के प्रति निष्ठा की शपथ ली। गणतंत्र दिवस का यह आयोजन एमडीडीए परिवार के लिए प्रेरणादायी रहा तथा जनसेवा के संकल्प को और अधिक सशक्त करने वाला सिद्ध हुआ।


