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देहरादून महायोजना-2041 पर बढ़ी जनभागीदारी, सातवें दिन जीआरडी यूनिवर्सिटी में नागरिकों ने दिए अहम सुझाव

राजपुर रोड क्षेत्र के लोगों ने ट्रैफिक, पार्किंग, पर्यावरण और शहरी विकास से जुड़े मुद्दे उठाए,

21 जुलाई तक जारी रहेगा जनसुनवाई अभियान
देहरादून, 14 जुलाई। मसूरी-देहरादून विकास प्राधिकरण (एमडीडीए) द्वारा तैयार की जा रही देहरादून महायोजना-2041 को लेकर जनसुनवाई एवं जनसंवाद अभियान लगातार गति पकड़ रहा है। अभियान के सातवें दिन मंगलवार को जीआरडी यूनिवर्सिटी, राजपुर रोड में आयोजित जनसुनवाई शिविर में बड़ी संख्या में नागरिकों, भू-स्वामियों, संस्थाओं, व्यापारिक संगठनों और सामाजिक प्रतिनिधियों ने भाग लेकर अपने सुझाव एवं आपत्तियां दर्ज कराईं।
जनसुनवाई के दौरान नागरिकों ने सड़क संपर्क, यातायात प्रबंधन, पार्किंग, जल निकासी, पर्यावरण संरक्षण, हरित क्षेत्रों की सुरक्षा, सार्वजनिक सुविधाओं के विस्तार तथा संस्थागत विकास जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने सुझाव रखे। एमडीडीए अधिकारियों ने सभी सुझावों और आपत्तियों का विधिवत अभिलेखीकरण करते हुए भरोसा दिलाया कि प्रत्येक बिंदु का गंभीरता से परीक्षण किया जाएगा।
जनआकांक्षाओं के अनुरूप तैयार होगी महायोजना
एमडीडीए अधिकारियों ने बताया कि देहरादून महायोजना-2041 केवल भूमि उपयोग का दस्तावेज नहीं, बल्कि राजधानी के भविष्य के विकास की व्यापक रूपरेखा है। इसमें आवासीय, व्यावसायिक, संस्थागत, औद्योगिक और हरित क्षेत्रों के संतुलित विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण एवं आधारभूत सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता दी जा रही है। स्थानीय स्तर से मिलने वाले सुझावों को योजना में महत्वपूर्ण आधार बनाया जाएगा।

 


राजपुर रोड क्षेत्र की प्रमुख समस्याएं उठीं
जनसुनवाई में नागरिकों ने राजपुर रोड क्षेत्र में बढ़ते ट्रैफिक दबाव, पार्किंग की कमी, अनियोजित शहरीकरण, जलभराव, सड़क सुरक्षा और पर्यावरणीय संतुलन जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाया। कई लोगों ने सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने, पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित मार्ग विकसित करने और हरित क्षेत्रों के संरक्षण की मांग भी रखी। वहीं, भू-स्वामियों एवं संस्थागत प्रतिनिधियों ने भूमि उपयोग से संबंधित सुझाव और आपत्तियां दर्ज कराईं।
21 जुलाई तक जारी रहेगा अभियान
एमडीडीए द्वारा 6 जुलाई से शुरू किया गया यह विशेष जनसुनवाई अभियान 21 जुलाई तक शहर के विभिन्न सेक्टरों में आयोजित किया जाएगा। इसका उद्देश्य नागरिकों को योजना निर्माण प्रक्रिया का सहभागी बनाना है, ताकि भविष्य का देहरादून जन अपेक्षाओं और स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप विकसित हो सके।
बुधवार को लीची बाग में लगेगा अगला शिविर
एमडीडीए ने जानकारी दी कि 15 जुलाई को अगला जनसुनवाई शिविर लीची बाग, 4 न्यू कैंट रोड, दिलाराम चौक, देहरादून में आयोजित होगा। संबंधित क्षेत्र के नागरिकों, भू-स्वामियों, संस्थाओं और व्यापारिक संगठनों से अधिक से अधिक संख्या में भाग लेकर अपने सुझाव दर्ज कराने की अपील की गई है।
क्या बोले अधिकारी?
एमडीडीए के उपाध्यक्ष बंशीधर तिवारी ने कहा कि देहरादून महायोजना-2041 आने वाले दशकों के विकास की दिशा तय करेगी। इसे नागरिकों की अपेक्षाओं और स्थानीय जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जा रहा है, ताकि विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन स्थापित किया जा सके।
वहीं एमडीडीए सचिव मोहन सिंह बर्निया ने कहा कि प्राप्त प्रत्येक सुझाव और आपत्ति का तकनीकी एवं विधिक परीक्षण किया जाएगा। उन्होंने कहा कि महायोजना का उद्देश्य केवल शहरी विस्तार नहीं, बल्कि देहरादून की प्राकृतिक पहचान, पर्यावरणीय संतुलन और नागरिक सुविधाओं को सुरक्षित रखते हुए सतत एवं समावेशी विकास सुनिश्चित करना है।

Uma Shankar Kukreti