देहरादून

सयुंक्त मंच के धरने के 88 वें दिन पूरे अब आर-पार की लड़ाई को तैयार

 

देहरादून, दिनांक : 10 सितम्बर 2026- मुख्यमंत्री से वार्ता के उपरांत मुख्य सचिव आनंद वर्धन से मिलने के बाद भी अब तक नियुक्ति के सम्बन्ध में कोई कार्यवाही ना होने की वजह से 88 दिनों से आंदोलनरत सभी आंदोलनकारियों के बीच अब सरकार के प्रति रोष गहराता जा जा रहा है। सरकार की बेरुखी को देखते हुए अब इस आंदोलन को अंतिम रूप देने की तैयारियों पर चर्चा शुरू कर दी गई है।
मंच के संयोजक अम्बुज शर्मा ने बताया कि अब सब्र का बांध टूट रहा है दिन पर दिन सभी आंदोलनकारियों की उमर निकलती जा रही है और सरकार अपनी कछुआ चाल से ही चल रही है। वे लोग इस बात से अनभिज्ञ बने हुए हैं कि हमारे पहले से 13 साल बर्बाद हो चुके हैं अब और इंतजार करने की गुंजाइश नहीं है। सरकार को थोड़ा तेजी दिखानी होगी शासन स्तर पर। उन्होंने कहा अगर आजकल में हमें हमारे मामले का कोई लिखित पत्र नहीं मिलता तो अब हम एक बार फिर आत्मघाती कदम उठाने को मजबूर हैं, जिसकी सम्पूर्ण जिम्मेदारी शासन प्रशासन एवं सरकार की होगी।
आज धरने को समर्थन देने वालों में मूल-निवास भू-कानून के मोहित डिमरी,डाकपत्थर से राम किशन, बड़कोट से विकास रावत, हल्द्वानी से लाखन सिंह चिलवाल, ऋषिकेश से प्रशांत तड़ियाल, जयकृष्ण सेमवाल, विजयेश नवानी,बीचीन रावत, सरदार खान पप्पू, सुरेश कुमार, प्रभात डंडरियाल, अमित सिंह परमार, शोभा उर्फ मंजू पंवार,उक्रांद के अनिल डोभाल, पुष्पा बहुगुणा, रेखा शर्मा, गीता नेगी, देवेश्वरी रावत,जगदेश्वरी अन्थवाल,मनोरथ ध्यानी, शांता नेगी,शांति सेमवाल, सूफी खलीक अहमद उपस्थित रहे।