उत्तराखंड विधानसभा सत्र अनिश्चितकाल के लिए स्थगित, विपक्ष के हंगामे के बीच अहम फैसले हुए
भराड़ीसैंण/गैरसैंण, 20 अगस्त 2025
उत्तराखंड विधानसभा का सत्र दो ही दिन में खत्म हो गया है। सत्र के पहले दिन विपक्ष के हंगामे के कारण सदन की कार्रवाई को चार बार स्थगित करना पड़ा था। विपक्ष के हंगामे के बीच ही 5315 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट भी पास किया गया।
दूसरे दिन सदन की कार्रवाई शुरू होते ही विपक्ष के हंगामे के कारण स्थगित कर दी गई। इसके बाद कार्रवाई शुरू हुई और महत्वपूर्ण विधेयकों को पारित किया गया। जिसके बाद सदन की कार्रवाई स्थगित कर दी गई और विधानसभा का चार दिवसीय मानसून सत्र दो दिन में ही खत्म कर दिया गया।
फिर से गैर हुआ गैरसैंण
विधानसभा के मानसून सत्र के कारण जो गैरसैंण चार दिन गुलजार रहने की उम्मीद थी। वो दो ही दिन में फिर से गैर हो गया है। दो दिन में सत्र खत्म होने के साथ ही सरकार, अधिकारी, मंत्री सभी वापस आने लगे हैं। इसी के साथ एक बार फिर से गैरसैंण में सन्नाटा छाने लगा है।
हंगामेदार रहा मानसून सत्र
सत्र के दौरान कांग्रेस विधायकों ने लगातार सरकार के खिलाफ मोर्चा खोले रखा। रोजगार, आपदा प्रबंधन, भ्रष्टाचार और महिला सुरक्षा जैसे मुद्दों पर विपक्ष ने सरकार को घेरते हुए कई बार सदन की कार्यवाही बाधित की। यहां तक कि कुछ विधायक बिस्तर लेकर सदन में रात्रि विश्राम पर भी बैठ गए, जिसे विधानसभा अध्यक्ष ने दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
कई अहम बिल पास
हालांकि, विपक्ष के विरोध के बीच सरकार ने कुछ महत्वपूर्ण विधेयकों और प्रस्तावों को सदन में पारित कराया। इनमें उत्तराखंड सेवा नियमावली में संशोधन, आपदा राहत पुनर्वास नीति, और शहरी विकास से जुड़े विषय प्रमुख रहे।
अध्यक्ष की अपील
सत्र स्थगन की घोषणा करते हुए विधानसभा अध्यक्ष ऋतु खंडूड़ी ने सभी सदस्यों से अपेक्षा जताई कि भविष्य में वे सदन की मर्यादा का पालन करेंगे और जनता के हित में सार्थक चर्चा करेंगे। उन्होंने कहा, “सदन लोकतंत्र का मंदिर है, इसकी गरिमा बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।”
मुख्यमंत्री का बयान
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सत्र के बाद मीडिया से बातचीत में कहा, “सरकार पारदर्शिता और जनहित में काम कर रही है। विपक्ष केवल प्रदर्शन और नारेबाजी कर रहा है। जनता सब देख रही है।”
