25 साल का इंतजार खत्म: बीन नदी पर 23 करोड़ की लागत से मोटर पुल का निर्माण शुरू
पौड़ी गढ़वाल / यमकेश्वर।
यमकेश्वर विधानसभा क्षेत्र में बैराज-चीला मोटर मार्ग पर स्थित बीन नदी पर बहुप्रतीक्षित मोटर पुल के निर्माण कार्य की शुरुआत हो गई है। करीब 23 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह पुल क्षेत्र के लोगों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा। पुल बनने के बाद ऋषिकेश, गंगा भोगपुर और डांडा मंडल क्षेत्र के 24 से अधिक गांवों का सीधा संपर्क स्थापित होगा।
लोक निर्माण विभाग (लोनिवि) दुगड्डा की ओर से इस पुल का निर्माण कराया जा रहा है। विभागीय अधिकारियों के अनुसार पुल को तय समयसीमा में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और इसे कुंभ मेले से पहले तैयार करने की योजना है। अधिशासी अभियंता निर्भय सिंह ने बताया कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता और समयसीमा दोनों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है।

बीन नदी पर बनने वाला यह डबल लेन मोटर पुल लगभग 150 मीटर लंबा और 12 मीटर चौड़ा प्रस्तावित है। इसके बनने से गंगा भोगपुर, चीला, डांडा मंडल और ताल घाटी क्षेत्र की करीब पांच हजार की आबादी को सीधा लाभ मिलेगा। बरसात के समय नदी में उफान आने से डांडा मंडल क्षेत्र का ऋषिकेश से संपर्क अक्सर कट जाता है, लेकिन पुल बनने के बाद लोगों को सालभर सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।

इस पुल का निर्माण क्षेत्र की करीब 25 साल पुरानी मांग को पूरा करेगा। राज्य गठन के बाद से ही गंगा भोगपुर के पास बीन नदी पर पुल बनाने की मांग उठती रही है। करीब सात वर्ष पहले यमकेश्वर में आयोजित गेंद मेले के दौरान तत्कालीन मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने यहां पुल निर्माण की घोषणा की थी। इसके बाद राज्य वन्यजीव बोर्ड और केंद्रीय वन्यजीव बोर्ड से मंजूरी मिलने के बाद अब जाकर निर्माण कार्य शुरू हो पाया है।

पुल बनने से न केवल स्थानीय ग्रामीणों को राहत मिलेगी बल्कि कांवड़ यात्रा और चारधाम यात्रा के दौरान आने वाले श्रद्धालुओं के आवागमन को भी सुविधा मिलेगी। क्षेत्र के लोगों के लिए यह पुल सच मायनों में जीवन रेखा साबित होने की उम्मीद है।
क्षेत्रीय जिला पंचायत सदस्य श्री बचन बिष्ट ने बताया की हमारी ऐ बर्षो पुरानी मांग आज पूरी होने जा रही है, उन्होंने कहा की बरसात के दिनों में इस मार्ग पर आवाजहीं नही हो पाती थीं, जो अब सुचारु रूप से हर समय लोग इस मार्ग पर चल सकेंगे, उन्होंने स्थानीय विधायक रेनु विष्ट व मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी क़ो का धन्यवाद ज्ञापित किया।
